प्रिया और पुलकित के प्यार की कहनी (hindi story)

प्रिया और पुलकित के प्यार की कहानी (hindi kahani)
प्रिया और पुलकित के प्यार की कहानी (hindi kahani)
 HINDI STORY

 मेरा नाम प्रिया है, मैं उत्तर प्रदेश के एक छोटे से जिले से हूं, मैं कोटा की तैयारी करती थी, जहां छोटे से छोटे लोगों से मिलती थी, मैं छोटे शहर की लड़की थी, जो पहली बार घर से बाहर थी, मेरी एक दोस्त बनी थी जो श्री गंगानगर राजस्थान की थी उसी के साथ मेरी मुलाकात पुलकित से हुई थी बाद में पता चला कि पुलकित भी हमारे शहर का है और इसी तरह दोस्ती के दौरान पढ़ाई पर ध्यान दिया लेकिन जब भी सामान चला गया और बच्चे हमारे जैसे हो गए किसी कॉलेज में अच्छा नहीं हुआ तो दोनों लोग अलग हो गए पढ़ाई करने के लिए इस बीच हम दोनों को प्यार हो गया है हम दोस्तों की नौकरी करते हैं अब 29 साल की उमर में जब मैंने अपने घर पर पुलकिट के बारे में बताया तो मां बाप ने की थी सख्त और खिलाफत, की शादी में नहीं हो सकती अलग-अलग झलक, पापा के साथ घर में चाचा ताऊ सभी थे एक साथ ऐसा लगता था कि घर की बड़ी बेटी अगर ऐसी हो आराम तो क्या होगी मेरी छोटी मेरी एक 3 साल बाद मेरी मां भी नहीं मानी और मैं अंदर से टूट गया जब मेरी मां ने भी मेरा साथ नहीं दिया और पुलकित के घर पर भी शादी की बात शुरू हो गई। पुलकित के पापा ने मेरे पापा को फोन किया और पूरी बात बताई, मेरे पापा ने फोन पर ही पुलकित के पापा से सीधी बात की तो पुलकित के पापा ने मेरे पापा को फोन किया और पूरी बात बताई। बुरा कहा यह तक कहा कि तुम पागल बेटे ने मेरी बेटी को मुझसे कहा था मेरे पापा के इस कदम से रिश्ता खत्म हो गया फिर मैंने पापा से बोला पापा मैं और एक दूसरे को खींचते रहे 10 साल से ऐसी बात नहीं करना चाहिए था जिसपर मेरे पापा ने मुझे 4 5 स्पष्ट रूप से मार दिया, मैंने बिना कुछ कहे रात को कमरे में जाकर सामने आई तो पता चला कि मेरे पापा बात कर रहे थे उनके पापा से ऐसी बात करना जरूरी था कुछ सी भी खुद से प्रतिक्रिया करते हुए मुझे पीछे हटना पड़ा यह आश्चर्यचकित आश्चर्य हुआ, पापा के बारे में मैंने बताया था कि माँ ऐसा कर सकती है, इसकी उम्मीद नहीं थी 2 महीने बाद मैंने पापा से कहा था कि तुम शादी करोगी या नहीं उन्होंने साफ मना किया दिया कर फिर मेरे घर वाले मुझे समझे कि ऐसा करने से परिवार की नाक कटेगी लोग हंसेंगे, कभी कोई परेशानी हुई तो परिवार के साथ नहीं की गई सारी बातें मैंने सुनीं और 1 हफ्ते बाद कोर्ट में कदम रखा जब पुलकित ने इसे घर पर रखा तो उन्हें बताया परिवार ने एक शादी कर ली फैंटेसी राकी और हमारी शादी ठीक से हो गई इसके बाद मेरी मां, बाप ने रिश्ता तोड़ दिया और कभी मुकरने की बात नहीं की 

2 साल बाद मेरी बहन की शादी की बात हुई, और किसी को भी यह बात पसंद नहीं आई कि उसकी बड़ी बहन ने दूसरी बार शादी की है लेकिन शादी के 2 3 साल बाद मेरी बहन की शादी वाले उसे बताते हैं बाप उनकी हर तरह से मेरी कर बहन अपनी शादी से खुश नहीं है और ज्यादातर वेष-भूषा में रहती है। साल की बच्ची है मैं पुलकित के साथ बहुत खुश हूं, क्यों 10 साल के अंतराल में जिसने मुझे कभी छोड़ा नहीं तो सोचिए शादी होने के बाद वो क्या खत्म होगी मेरे परिवार में किसी चीज की कोई कमी नहीं है सास अच्छे हैं प्यारे अच्छे हैं 2 नंदा जो मुझे सगी बहन से सबसे ज्यादा नौकर रखता है और मेरी पत्नी जो हर पल इस तरह की कोशिश करती है कि कैसे खुश रहूं शादी के 10 साल बाद मेरे माता-पिता मुझसे बात करना चाहते हैं लेकिन उनका अहंकार उन्हें ये कदम नहीं उठाता बहुत से लोगों का कहना है कि मेरे माता-पिता की बातों से कोई अविश्वास नहीं था, इसलिए मैं बताता हूं कि मेरे माता-पिता का निर्णय समाज उनका था और उनका शांत शनि का निर्णय था कि आज मेरी बहन जीवन से दुखी है, लेकिन समाज का एक व्यक्ति भी उसे सद्भावना तक नहीं देता है और जिस परिवार की बात होती है वो परिवार की राय है कि शादी हो गई है अपना निर्णय खुद लो देखो मैं लोगों से यही कहता हूं अगर आपकी शादी है की उम्र निकल रही है, और आपको बहुत समय हो गया है समय से पता चलता है तो आपको उस सक्सेस के साथ शादी करनी चाहिए जिंदगी एक ही मिली है,